असम की पहली ट्रांसजेंडर जज बनी स्वाति बिधान बरुआ
उन्होंने इस बड़ी जिम्मेदारी को लेकर मीडिया से कहा, एक जज के पद पर मेरी नियुक्ति समाज के लिए सकारात्मक संदेश है और इस तरह के सराहनीय कदम से सोसाइटी में ट्रांसजेंडरों के प्रति नजरिया बदलेगा. (तस्वीर: एएनआई)
इसके बाद फरवरी, 2018 में विद्या कांबले महाराष्ट्र के नागपुर स्थित लोक अदालत में जज बनीं. (तस्वीर: फेसबुक)
वहीं जुलाई, 2017 में जोयिता मंडल देश की पहली ट्रांसजेंडर जज बनी थीं. जिससे पश्चिम बंगाल देश का पहला राज्य बन गया था जिसने ट्रांसजेंडर की नियुक्ति की थी. (तस्वीर: फेसबुक)
उनका जन्म असम के पांडु शहर में हुआ था. बता दें कि स्वाति से पहले पश्चिम बंगाल और महाराष्ट्र में ट्रांसजेंडर जज बन चुकी हैं. (तस्वीर: एएनआई)
स्वाति बी बरुआ असम की पहली ट्रांसजेंडर जज बन गई हैं. उन्होंने शनिवार को सिविल कोर्ट में मामलों की मध्यस्ता करने के लिए पदभार संभाला है. वो अभी 26 साल की हैं (तस्वीर: एएनआई)